संवाददाता: साहिल यादव
तृप्ति प्रमाण। राष्ट्रीय हिंदी साप्ताहिक
स्थान: नालासोपारा, वसई-विरार
वसई-विरार महानगरपालिका क्षेत्र के अर्नाला इलाके में सरकारी जमीन पर बने कथित अवैध निर्माणों के खिलाफ प्रशासन की कार्रवाई के बाद सोमवार को राजनीतिक माहौल गरमा गया। लाल बावटा संगठन की ओर से विधायक राजन नाइक के निवास की दिशा में निकाला गया विरोध मार्च पुलिस ने रास्ते में ही रोक दिया। इसके बाद प्रदर्शनकारियों ने उसी स्थान पर बैठकर धरना शुरू कर दिया।
प्रदर्शन में शामिल स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन की इस कार्रवाई से कई परिवार प्रभावित हुए हैं। उनका आरोप है कि इन परिवारों को उचित न्याय और पुनर्वास की व्यवस्था नहीं की गई है। स्थिति को नियंत्रित रखने के लिए इलाके में भारी पुलिस बंदोबस्त तैनात किया गया था।
इस मामले पर वसई-विरार महानगरपालिका में विपक्ष के नेता और भाजपा नगरसेवक मनोज पाटील ने प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने कहा कि इस आंदोलन के पीछे राजनीतिक उद्देश्य स्पष्ट दिखाई दे रहे हैं। पाटील के अनुसार, प्रशासन द्वारा की गई नियमित कार्रवाई को कुछ तत्व राजनीतिक मुद्दा बनाने का प्रयास कर रहे हैं।
मनोज पाटील ने आगे जानकारी दी कि भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष महेंद्र पाटील शीघ्र ही इस विषय पर एक पत्रकार परिषद आयोजित करेंगे। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में पूरे मामले की विस्तृत और तथ्यात्मक जानकारी सार्वजनिक की जाएगी।
प्रशासन का कहना है कि अवैध निर्माणों के खिलाफ की गई कार्रवाई नियमों के तहत है और किसी भी प्रकार की अवैधता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। वहीं, स्थानीय प्रशासन और पुलिस विभाग स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।