विरार: बढ़ती आबादी और यात्रियों की लगातार बढ़ रही संख्या को देखते हुए विरार रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास कार्य में तेजी लाई गई है। मुंबई रेलवे विकास कॉर्पोरेशन (MRVC) द्वारा मुंबई अर्बन ट्रांसपोर्ट प्रोजेक्ट (MUTP-III) के तहत स्टेशन को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जा रहा है, जिससे यात्रियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
इस परियोजना के तहत स्टेशन पर ऊंचा डेक, एस्केलेटर और लिफ्ट जैसी सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। स्टेशन को बोरीवली स्टेशन की तर्ज पर इंटर-कनेक्टेड प्लेटफॉर्म के रूप में तैयार किया जा रहा है, जिससे यात्रियों को प्लेटफॉर्म बदलने में आसानी होगी। इसके साथ ही नया प्लेटफॉर्म 5A बनाया जा रहा है, जबकि प्लेटफॉर्म 3A को चौड़ा करने का कार्य भी तेजी से जारी है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार इस परियोजना से बोरीवली–विरार के बीच पांचवीं और छठी लाइन तथा विरार–दहानू चौपदीकरण परियोजनाओं को भी गति मिलेगी। इसके अलावा डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर के शुरू होने से मालगाड़ियों का दबाव कम होगा, जिससे लोकल और एक्सप्रेस ट्रेनों का संचालन और सुगम बनेगा।
यात्रियों की भीड़ को नियंत्रित करने के लिए करीब 280×25 मीटर का ऊंचा डेक बनाया जा रहा है, जो कई प्लेटफॉर्म को आपस में जोड़ेगा। वहीं स्टेशन के बाहर यातायात जाम को कम करने के लिए विरार-वसई महानगरपालिका (VVMC) द्वारा एलिवेटेड ऑटो लेन बनाने की योजना भी तैयार की गई है।
स्थानीय यात्रियों का मानना है कि पुनर्विकास के बाद विरार स्टेशन पर यात्रा अधिक सुरक्षित, सुविधाजनक और सुगम हो जाएगी। रेलवे प्रशासन का कहना है कि यह परियोजना पूरी होने के बाद पश्चिम रेलवे के इस महत्वपूर्ण स्टेशन की क्षमता में काफी वृद्धि होगी।