पालघर, 15 दिसंबर 2025
पालघर शहर की सौंदर्य बढ़ाने और पर्यावरण संरक्षण को बल देने वाली महत्वाकांक्षी पहल — ‘पालघर इको पार्क’ का भूमिपूजन समारोह आज उत्साहपूर्वक आयोजित किया गया। राज्य के वन मंत्री एवं पालघर जिले के पालकमंत्री श्री गणेश नाईक ने नागपुर स्थित कार्यालय से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से इस परियोजना की आधारशिला रखी।
समारोह में राज्य के प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन बल प्रमुख) एम. श्रीनिवास राव, मुख्य वन संरक्षक (ठाणे) एन. आर. प्रवीण तथा उप वन संरक्षक (डहाणू) निरंजन दिवाकर सहित वन विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। पालकमंत्री नाईक ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि यह पार्क पालघरवासियों के लिए प्रकृति के सान्निध्य में एक हक्का विराम स्थल बनेगा और शहर के ‘ग्रीन लंग्स’ (हरे फेफड़े) का कार्य करेगा।
यह परियोजना डहाणू वन विभाग द्वारा क्रियान्वित की जा रही है और पालघर जिलाधिकारी कार्यालय के सामने स्थित वन परिक्षेत्र क्रमांक 131 में स्थापित की जाएगी। परियोजना 99 हेक्टेयर क्षेत्र में फैली होगी और इसकी अनुमानित लागत 134 करोड़ रुपये है। इसके निर्माण के लिए 2025-26 से 2027-28 तक तीन वर्षों की अवधि में तीन चरणों में कार्य पूर्ण किया जाएगा।
इस परियोजना का प्राथमिक उद्देश्य तेजी से शहरीकरण हो रहे पालघर में पारिस्थितिक संतुलन बनाए रखना तथा नागरिकों को शहर के मध्य में ही प्रकृति का अनुभव उपलब्ध कराना है।
‘पालघर इको पार्क’ केवल एक सामान्य उद्यान नहीं, बल्कि स्वास्थ्य, शिक्षा और सांस्कृतिक संवेदना का केंद्र होगा। इसमें जॉगिंग व वॉकिंग ट्रैक, मियावाकी विधि से निर्मित घनवन, योग एवं ध्यान के लिए विशेष मंच, बांस की विभिन्न प्रजातियों के संरक्षण हेतु ‘बैंबुसेटम’, साथ ही स्थानीय वनस्पतियों, जीव-जंतुओं और आदिवासी संस्कृति के प्रदर्शन के लिए विशेष व्यवस्था शामिल होगी।
वन विभाग का मानना है कि इस पार्क के पूर्ण होने के बाद पालघर के नागरिकों को प्रकृति से गहरा नाता बनाने का अवसर मिलेगा, जिससे उनमें पर्यावरण के प्रति आपुलकी की भावना विकसित होगी। आगामी तीन वर्षों में यह परियोजना पूर्ण क्षमता से सार्वजनिक उपयोग के लिए उपलब्ध हो जाएगी।