तीन मामले कथित यौन उत्पीड़न से जुड़े, चौथा धार्मिक भावनाएं भड़काने के आरोप में; डेटिंग ऐप के जरिए युवतियों को निशाना बनाने और अश्लील वीडियो विदेश भेजने के दावों की जांच जारी
नालासोपारा | तृप्ति प्रमाण
महाराष्ट्र के नालासोपारा में सामने आए कथित लैंगिक अत्याचार मामले में नया अपडेट सामने आया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, 22 वर्षीय आरोपी आरिफ अय्यूब शेख के खिलाफ अब तक चार मामले दर्ज किए गए हैं। इनमें तीन मामले कथित यौन उत्पीड़न से संबंधित हैं, जबकि एक मामला धार्मिक भावनाएं भड़काने के आरोप से जुड़ा बताया गया है। आरोपी को 10 अक्टूबर 2026 से पुलिस हिरासत में रखे जाने की जानकारी सामने आई है।
मामले में पुलिस डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है। कथित वीडियो, उनके संभावित प्रसार और अन्य पीड़िताओं से जुड़े दावों की पुष्टि जांच एवं फॉरेंसिक रिपोर्ट के आधार पर होनी बाकी है।
डेटिंग ऐप के जरिए युवतियों को निशाना बनाने का आरोप
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, आरोपी पर डेटिंग ऐप पर अपनी तस्वीरें डालकर 17 से 22 वर्ष की युवतियों से संपर्क करने, उन्हें कथित तौर पर अलग-अलग प्रलोभन देने और यौन शोषण करने का आरोप है।
इस मामले में 12 अक्टूबर 2026 को एक युवती ने नालासोपारा पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया।
पुलिस जांच के दौरान आरोपी के मोबाइल फोन से युवतियों के अश्लील वीडियो मिलने और उन्हें विदेश भेजे जाने का दावा भी सामने आया है। हालांकि, वीडियो की वास्तविक संख्या, उनके कथित प्रसार के उद्देश्य और इसमें अन्य लोगों की संभावित भूमिका की आधिकारिक पुष्टि जांच तथा फॉरेंसिक रिपोर्ट के बाद ही हो सकेगी।
100 से अधिक वीडियो होने की चर्चा, किरीट सोमैया ने जताई नेटवर्क की आशंका
इस मामले में भाजपा नेता किरीट सोमैया ने कथित बड़े नेटवर्क की आशंका जताते हुए पुलिस से विस्तृत जांच की मांग की है।
सोमैया ने दावा किया कि आरोपी के मोबाइल फोन में बड़ी संख्या में अश्लील वीडियो मिले हैं और इनमें नाबालिग लड़कियों से संबंधित वीडियो होने की आशंका भी है। वीडियो की संख्या 100 से अधिक होने की चर्चा सामने आई है, लेकिन इस संख्या की आधिकारिक पुष्टि अभी आवश्यक है।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कथित वीडियो के जरिए पैसे कमाए जाते थे और पीड़िताओं पर दबाव बनाया जाता था। उनके दावे के अनुसार, ठाणे, बोरीवली, कांदिवली और नालासोपारा सहित विभिन्न क्षेत्रों की संभावित पीड़िताएं इस मामले से जुड़ी हो सकती हैं।
इन दावों और कथित नेटवर्क की मौजूदगी की स्वतंत्र पुष्टि होना बाकी है।
छह पीड़िताओं के सामने आने का दावा
किरीट सोमैया ने करीब छह पीड़िताओं के सामने आने का दावा करते हुए मामले की व्यापक जांच की मांग की है।
वहीं, विश्व हिंदू महासंघ, मुंबई के प्रभारी प्रदीप मिश्रा ने कथित डिजिटल साक्ष्यों से छेड़छाड़ की आशंका जताई है। उन्होंने विशेष जांच दल (SIT) गठित करने और मोबाइल फोन सहित अन्य डिजिटल उपकरणों की फॉरेंसिक जांच कराने की मांग की है।
इन दावों और मांगों पर संबंधित जांच एजेंसियों की ओर से आधिकारिक निष्कर्ष सामने आना बाकी है।
पुलिस की अपील: बिना दबाव के शिकायत दर्ज कराएं पीड़िताएं
पुलिस ने संभावित पीड़िताओं से अपील की है कि वे किसी भी तरह के दबाव या डर में आए बिना आगे आएं और अपनी शिकायत दर्ज कराएं।
जांच में आरोपी के डिजिटल उपकरणों की फॉरेंसिक जांच, कथित वीडियो के स्रोत और उनके प्रसार का पता लगाना तथा अन्य संभावित पीड़िताओं की पहचान करना महत्वपूर्ण होगा।
जांच के बाद ही स्पष्ट होगी पूरी स्थिति
फिलहाल, आरोपी के खिलाफ दर्ज चार मामलों और सामने आए आरोपों की जांच जारी है। कथित अश्लील वीडियो की संख्या, नाबालिगों से संबंधित दावों, वीडियो के कथित प्रसार और किसी संभावित नेटवर्क की भूमिका को लेकर अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।
रिपोर्ट: तृप्ति प्रमाण




