विरार। मुंबई के गोरेगांव स्थित प्रसिद्ध NESCO (नेस्को) प्रदर्शनी केंद्र की तर्ज पर अब वसई-विरार में भी एक अत्याधुनिक और भव्य एग्जीबिशन सेंटर बनाने की मांग तेज हो गई है। शिवसेना के विरार शहर प्रमुख रोहन रमाकांत चव्हाण ने वसई-विरार महानगरपालिका के आयुक्त और महापौर को लिखित पत्र देकर मनपा की खाली जमीन पर इस सेंटर को विकसित करने का आग्रह किया है।
स्थानीय उद्योगों को मिलेगा बढ़ावा रोहन चव्हाण ने अपने पत्र में कहा कि मुंबई और राज्य के अन्य प्रमुख शहरों में स्थित प्रदर्शनी केंद्रों से उद्योग जगत को काफी लाभ मिला है। वसई-विरार तेजी से उभरता हुआ शहर है, जहां बड़ी संख्या में लघु, मध्यम और गृह उद्योग संचालित हो रहे हैं। हालांकि, एक उपयुक्त मंच न होने के कारण स्थानीय उद्यमियों को अपने उत्पादों के प्रदर्शन, प्रचार और बिक्री के लिए मुंबई या अन्य दूर-दराज के शहरों में जाना पड़ता है।
रोजगार और राजस्व के नए अवसर शिवसेना नेता का कहना है कि यदि विरार में महानगरपालिका की भूमि पर अत्याधुनिक प्रदर्शनी केंद्र बनता है, तो स्थानीय उद्यमियों को एक स्थायी मंच प्राप्त होगा। इसके अलावा, यहाँ कॉर्पोरेट इवेंट्स, व्यापार मेलों और औद्योगिक प्रदर्शनियों के आयोजन से महानगरपालिका की आय में वृद्धि होगी और स्थानीय युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
महापौर अजीव पाटिल ने दी सकारात्मक प्रतिक्रिया वसई-विरार महानगरपालिका के महापौर अजीव पाटिल ने इस प्रस्ताव का स्वागत करते हुए सकारात्मक रुख अपनाया है। उन्होंने कहा कि शहर के तेजी से हो रहे विस्तार और स्थानीय उद्योगों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए यह मांग बेहद वाजिब है। महापौर ने विश्वास जताया कि इस परियोजना से स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी और मनपा प्रशासन जल्द इस विषय पर उचित कदम उठाएगा।
परियोजना के मुख्य लाभ:
- स्थानीय उद्योगों को प्रोत्साहन: उत्पादों के प्रचार व बिक्री के लिए स्थायी राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय मंच।
- अर्थव्यवस्था को मजबूती: व्यापार और कारोबार में वृद्धि से शहर की आर्थिक गतिविधि तेज होगी।
- रोजगार का सृजन: युवाओं के लिए प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से नौकरियों के नए अवसर।
- मनपा के राजस्व में वृद्धि: कॉर्पोरेट और व्यावसायिक आयोजनों से निकाय को नियमित आय।