गंदे पानी से होकर स्कूल जाने को मजबूर छात्र, गिरने के बाद कई बच्चे लौटते हैं घर; एक सप्ताह में समाधान नहीं हुआ तो जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन की चेतावनी
सरायख्वाजा, जौनपुर: स्थानीय थाना क्षेत्र के विकास खंड शाहगंज (शोधी) अंतर्गत धौरइल गांव के उत्तर का पूरा में पिछले करीब चार माह से सड़क पर गंदा पानी जमा होने से ग्रामीणों की परेशानी बढ़ती जा रही है। जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण सड़क पर जगह-जगह जलभराव और कीचड़ की स्थिति बनी हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि इससे आवागमन प्रभावित होने के साथ संक्रमण का खतरा भी बढ़ गया है।
शिकायतों के बावजूद नहीं हुआ स्थायी समाधान
ग्रामीणों के अनुसार, समस्या को लेकर जनप्रतिनिधियों के अलावा ब्लॉक और जिला स्तर के अधिकारियों से शिकायत की जा चुकी है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराने की बात ग्रामीणों ने कही है। हालांकि, उनका कहना है कि अब तक जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका है।
करीब 200 घरों की आबादी, छात्रों को सबसे ज्यादा परेशानी
ग्रामीणों के मुताबिक, उत्तर का पूरा में करीब 200 घरों की आबादी रहती है। इस रास्ते से प्रतिदिन बड़ी संख्या में ग्रामीणों के साथ करीब ढाई सौ से अधिक छात्र-छात्राएं स्कूल जाने के लिए आवागमन करते हैं।
गांव से बाहर स्थित प्राथमिक विद्यालय, पूर्व माध्यमिक विद्यालय और क्षेत्र के विभिन्न कॉन्वेंट स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों के लिए यह रास्ता प्रमुख आवागमन का साधन है। सड़क पर लगातार पानी जमा रहने के कारण छात्रों को गंदे पानी और कीचड़ के बीच से होकर स्कूल जाने को मजबूर होना पड़ रहा है।
फिसलकर गिरते हैं बच्चे, स्कूल से लौटने की नौबत
ग्रामीणों का कहना है कि कई जगह जलभराव इतना अधिक है कि बच्चों के जूते-चप्पल पानी में फंस जाते हैं। कई बार बच्चे फिसलकर गिर जाते हैं और उनकी स्कूल ड्रेस खराब हो जाती है। ऐसी स्थिति में कुछ छात्रों को स्कूल जाने के बजाय वापस घर लौटना पड़ता है।
महिलाओं का कहना है कि चार माह से जमा गंदे पानी के कारण कई बच्चे और महिलाएं संक्रमण की चपेट में आने की बात सामने आई है। ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि यदि जल्द जल निकासी नहीं कराई गई तो स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां और बढ़ सकती हैं।
एक सप्ताह में समाधान नहीं हुआ तो प्रदर्शन की चेतावनी
ग्रामीणों ने प्रशासन से सड़क पर जमा गंदे पानी की निकासी की व्यवस्था कराने और समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि एक सप्ताह के भीतर पानी का निस्तारण नहीं कराया गया, तो वे जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन करने के लिए मजबूर होंगे।
जौनपुर से ब्यूरो चीफ: दिलीप कुमार
तृप्ति प्रमाण