मुंबई। समाजसेवा के क्षेत्र में लगातार किए जा रहे उल्लेखनीय कार्यों के लिए जीवनधारा संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष गोविंद पाण्डेय (भाऊ) को ‘इंटरनेशनल चेंज मेकर अवॉर्ड 2026’ से सम्मानित किया गया है। मुंबई के चर्चगेट स्थित आईएमसी चेंबर ऑफ कॉमर्स में आयोजित एक विशेष समारोह में उन्हें यह पुरस्कार प्रदान किया गया। इस कार्यक्रम का आयोजन दिलासा फाउंडेशन और सोकरेटिस सोशल रिसर्च यूनिवर्सिटी ट्रस्ट द्वारा संयुक्त रूप से किया गया था।
समाजसेवा का लंबा और संघर्षपूर्ण सफर
गोविंद पाण्डेय वर्ष 2007 से मुंबई के साकीनाका क्षेत्र में निरंतर समाजसेवा कर रहे हैं। उन्होंने अपने जीवन में कई उतार-चढ़ाव देखे हैं, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने समाज की सेवा का सिलसिला नहीं रोका। वे गरीब, शोषित और वंचित वर्ग के लोगों के लिए प्रशासन से लड़कर न्याय दिलाने का कार्य करते हैं। उनके प्रयासों से कई लोगों को चिकित्सा सहायता, दवाइयां और रक्तदान जैसी सुविधाएं मिली हैं। इसके अलावा, वे गरीब छात्रों को शिक्षा दिलाने, कन्याओं के विवाह में मदद करने और मजदूरों का बकाया वेतन दिलाने के लिए भी लगातार आवाज उठाते हैं।
आंदोलनों और महामारी के दौरान निभाई अहम भूमिका
जब प्रशासन तक पीड़ितों की बात नहीं पहुंचती है, तो गोविंद पाण्डेय भूख हड़ताल, रास्ता रोको और ट्रेन रोको जैसे शांतिपूर्ण आंदोलनों के माध्यम से लोगों को न्याय दिलाते हैं। कोरोना महामारी के दौरान भी उन्होंने बड़ी जिम्मेदारी निभाई। उन्होंने थाने, मीरा-भायंदर और कल्याण जैसे क्षेत्रों में लोगों के अंतिम संस्कार में सहयोग किया।
महामारी के दौरान 92 दिनों तक लगातार भोजन वितरण, राशन किट, सैनिटाइजर और मास्क का वितरण किया गया। इसके साथ ही ट्रेन, बस और निजी वाहनों से प्रवासी मजदूरों को उनके घर तक पहुंचाने में भी उनकी संस्था ने अहम भूमिका निभाई।
डॉक्टरेट की उपाधि से सम्मान और आभार
पुलिस और प्रशासनिक रिकॉर्ड्स के अनुसार उनके इन निस्वार्थ कार्यों को देखते हुए विभिन्न संस्थाओं द्वारा उन्हें पहले भी ‘कोरोना वॉरियर’ और अन्य समाजसेवा पुरस्कारों से नवाजा जा चुका है। इसी कड़ी में अब उन्हें ‘इंटरनेशनल चेंज मेकर अवॉर्ड 2026’ के तहत डॉक्टरेट की मानद उपाधि से सम्मानित किया गया है। इस उपलब्धि पर गोविंद पाण्डेय ने दिलासा फाउंडेशन की अध्यक्ष डॉ. पद्मिनी कृष्णन और उनकी पूरी टीम का हार्दिक आभार व्यक्त किया है।