मुंबई: सपनों के शहर मुंबई पर इंद्रदेव पूरी तरह मेहरबान हैं। राजधानी मुंबई की प्यास बुझाने वाले प्रमुख जलाशयों से बेहद राहत भरी खबर सामने आई है। बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) द्वारा जारी ताज़ा आंकड़ों के अनुसार, शहर को पेयजल सप्लाई करने वाले मोडक सागर और तानसा बांध अपनी पूर्ण क्षमता (100%) तक भर चुके हैं, जबकि मिडिल वैतरणा बांध का जलस्तर भी तेजी से बढ़कर 77% के पार पहुंच गया है।
मोडक सागर बांध के खुले गेट
बीएमसी से मिली जानकारी के मुताबिक, मोडक सागर बांध का जलस्तर अपने अधिकतम स्तर 163.150 मीटर तक पहुंच गया है। क्षेत्र में हाल ही में 25 मिमी बारिश दर्ज की गई, जिससे कुल बारिश का आंकड़ा 2,100 मिमी पर पहुंच गया है। वर्तमान में बांध में 129.62 मिलियन क्यूबिक मीटर (MCM) पानी का उपयोगी स्टॉक मौजूद है। जलस्तर नियंत्रित रखने के लिए बांध का एक गेट खोलकर फिलहाल 2,044 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है।
तानसा डैम से भी भारी मात्रा में डिस्चार्ज
दूसरी ओर, तानसा बांध भी अपनी पूरी क्षमता (128.528 मीटर) तक लबालब भर चुका है। इलाके में 48 मिमी ताज़ा बारिश के साथ अब तक कुल 1,994 मिमी वर्षा हो चुकी है। बांध का जलस्तर बनाए रखने के लिए 20,999.94 क्यूसेक पानी का विसर्जन (Discharge) किया जा रहा है।
मिडिल वैतरणा में भी बढ़ा जलसंचय
मिडिल वैतरणा बांध का मौजूदा जलस्तर 277.47 मीटर दर्ज किया गया है, जो इसके पूर्ण स्तर (284 मीटर) के करीब पहुंच रहा है। बांध में फिलहाल 149.151 एमसीएम पानी का उपयोगी भंडारण उपलब्ध है, जो कुल क्षमता का 77.06 प्रतिशत है। राहत की बात यह है कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और फिलहाल इस बांध के सभी गेट बंद रखे गए हैं।