पटना / बोधगया:
मगध विश्वविद्यालय, बोधगया के राष्ट्रीय शिक्षा नीति प्रकोष्ठ और आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ (IQAC) के संयुक्त तत्वावधान में सारथी गतिविधि कैलेंडर-2026 के तहत 19 अगस्त को एक वृहद जागरूकता अभियान चलाया गया। विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार के सामने आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को रैगिंग के दुष्परिणामों और तंबाकू सेवन से होने वाले गंभीर स्वास्थ्य व सामाजिक नुकसान के प्रति सचेत करना था।
नुक्कड़ नाटक और नारों से दिया असरदार संदेश
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने एक प्रभावशाली नुक्कड़ नाटक का मंचन किया। इसमें सौरभ, अंकुश, सुमित, गोपाल, रिचा, रवि, अलका, आलोक, साक्षी, आकांक्षा, अमित, आशीष, शिव, राजलक्ष्मी, मनीषा, अभिषेक, ज्योति, गौतम, प्रभात और आशीष शंकर जैसे छात्र-छात्राओं ने प्रमुख भूमिकाएं निभाईं। प्रतिभागियों ने नारों और गीतों के जरिए उपस्थित लोगों को रैगिंग-मुक्त और तंबाकू-मुक्त शैक्षणिक परिसर बनाने के लिए प्रेरित किया।
शिक्षकों और छात्रों ने बनाई मानव श्रृंखला
इस अवसर पर सामाजिक एकजुटता का परिचय देते हुए विद्यार्थियों और शिक्षकों ने मिलकर एक विशाल मानव श्रृंखला (ह्यूमन चैन) का निर्माण किया। कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं में अनुशासन, जिम्मेदारी और सामाजिक संवेदनशीलता विकसित करने पर जोर दिया गया।
शिक्षकों एवं मेंटर्स की गरिमामयी उपस्थिति
अभियान को सफल बनाने में सारथी समन्वयक डॉ. एकता वर्मा, राष्ट्रीय शिक्षा नीति समन्वयक डॉ. प्रियंका सिंह, सारथी मेंटर्स डॉ. वंदना कुमारी, डॉ. कविता कुमारी, डॉ. दिव्या मिश्रा, डॉ. मीनाक्षी, डॉ. शमशाद अंसारी, डॉ. अविनाश कुमार और डॉ. रति सहित विश्वविद्यालय के कई शिक्षकों एवं कर्मचारियों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।