वसई | वसई-विरार महानगरपालिका क्षेत्र समेत पूरे वसई तालुका में वर्षों से बनी पेयजल समस्या के समाधान के लिए प्रस्तावित “देवकुंडी बांध परियोजना” एक बार फिर चर्चा में आ गई है। करीब 25 साल पहले तैयार की गई इस महत्वाकांक्षी योजना को अब विधायक Sneha Dubey Pandit के प्रयासों से आगे बढ़ाने की उम्मीद जताई जा रही है।
लंबे समय से प्रशासनिक स्तर पर अटकी इस योजना को लेकर विधायक स्नेहा दुबे पंडित लगातार शासन के समक्ष आवाज उठा रही हैं। जल संकट को गंभीर विषय मानते हुए उन्होंने पुराने प्रस्ताव और संबंधित दस्तावेजों का अध्ययन किया, जिसके बाद महाराष्ट्र के जलसंपदा मंत्री Girish Mahajan से मुलाकात कर परियोजना को शीघ्र शुरू करने की मांग की।
बताया जा रहा है कि मंत्री गिरीश महाजन ने मामले को प्राथमिकता देते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक प्रक्रिया आगे बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। इसके बाद पालघर सिंचाई विभाग ने तकनीकी जांच और सर्वेक्षण की प्रक्रिया शुरू करने के लिए वन विभाग से आवश्यक पत्राचार आरंभ कर दिया है।
कामण नदी पर प्रस्तावित इस परियोजना को भविष्य में वसई तालुका के लाखों लोगों के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है। बढ़ती आबादी और लगातार बढ़ रही पानी की मांग को देखते हुए यह योजना क्षेत्र के दीर्घकालीन विकास के लिए अहम मानी जा रही है।
विधायक स्नेहा दुबे पंडित ने कहा कि आने वाले समय में वसई की जल आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए मजबूत और स्थायी जलस्रोत तैयार करना बेहद जरूरी है, और देवकुंडी बांध परियोजना इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।