मुंगरा बादशाहपुर, जौनपुर: मुंगरा बादशाहपुर थाना क्षेत्र में देर रात पुलिस कार्रवाई को लेकर एक महिला ने गंभीर आरोप लगाते हुए अधिकारियों से कार्रवाई की मांग की है। कंचन मिश्रा पत्नी सत्येंद्र कुमार मिश्रा, निवासी ग्राम भागेपुर कमोरा, थाना लीलापुर, जनपद प्रतापगढ़ ने प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया है कि पुलिसकर्मियों ने उनके मायके ग्राम हैदरपुर पहुंचकर उनके और परिवार की महिलाओं के साथ कथित तौर पर मारपीट, अभद्रता और धमकी दी।
प्रार्थना पत्र के अनुसार, कंचन मिश्रा के पति सत्येंद्र कुमार मिश्रा सीआरपीएफ में इंस्पेक्टर पद पर कार्यरत हैं और वर्तमान में ड्यूटी पर तैनात हैं। कंचन मिश्रा ने बताया कि तबीयत खराब होने के कारण वह दवा कराने के लिए अपने मायके ग्राम हैदरपुर, थाना मुंगरा बादशाहपुर आई हुई थीं।
उनका आरोप है कि बीती रात करीब 11 बजे मुंगरा बादशाहपुर थाने की भारी पुलिस फोर्स उनके मायके पहुंची और जबरन दरवाजा खुलवाने का प्रयास किया। उनके अनुसार, उस समय घर में केवल महिलाएं मौजूद थीं। पुलिसकर्मी उनके भाइयों बिंदेश्वरी तिवारी, मुनेश्वरी तिवारी और शिवम तिवारी के बारे में पूछताछ कर रहे थे।
कंचन मिश्रा ने अपने प्रार्थना पत्र में कहा है कि उन्होंने पुलिस को बताया कि उक्त व्यक्तियों के पक्ष में माननीय उच्च न्यायालय द्वारा Application U/S 528 BNSS No. 38352/2026, 38616/2026 एवं 40039/2026 में आदेश पारित है, जिसमें अगली तारीख तक आवेदकों के विरुद्ध कोई coercive action नहीं किए जाने का निर्देश बताया गया है।
प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया गया है कि आदेश की जानकारी देने के बावजूद पुलिस अधिकारियों ने कथित तौर पर आदेश देखने के बजाय अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया और घर में प्रवेश कर महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार किया।
कंचन मिश्रा ने SHO मुंगरा बादशाहपुर गजानंद चौबे सहित पुलिसकर्मियों पंकज मिश्रा, ध्रुव पांडे, अरविंद यादव और अन्य पर गाली-गलौज, मारपीट और धमकी देने के आरोप लगाए हैं।
प्रार्थना पत्र के अनुसार, पंकज मिश्रा और ध्रुव पांडे पर कंचन मिश्रा के गले से करीब डेढ़ तोले की सोने की चेन कथित तौर पर छीनने और उनका मोबाइल फोन ले जाने का आरोप लगाया गया है। वहीं, कंचन मिश्रा ने गजानंद चौबे और एक अन्य व्यक्ति पर उनके हाथ-पैर, कमर और पीठ पर डंडे से कथित रूप से मारपीट करने का आरोप लगाया है।
महिला ने यह भी आरोप लगाया है कि कार्रवाई के दौरान पुलिसकर्मियों की ओर से अत्यंत अभद्र एवं आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया और परिवार को झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकी दी गई। प्रार्थना पत्र में करीब 80 वर्षीय उनकी माता हेमवती तिवारी के साथ भी कथित मारपीट किए जाने का आरोप लगाया गया है।
महिला ने पूरे मामले में संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
महत्वपूर्ण: प्रार्थना पत्र में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि इस जानकारी में नहीं हुई है। पुलिस का पक्ष और मामले में किसी जांच अथवा कार्रवाई की आधिकारिक स्थिति सामने आने के बाद तस्वीर और स्पष्ट हो सकेगी।




