सर डी.एम. पेटिट अस्पताल में मई 2026 में मिली थीं बड़ी मात्रा में एक्सपायरी दवाएं; सामाजिक कार्यकर्ता ने आयुक्त, महापौर और FDA मंत्री से शिकायत कर FIR दर्ज करने की मांग की
नालासोपारा: वसई-विरार महानगरपालिका (VVCMC) के सर डी.एम. पेटिट अस्पताल में मिली एक्सपायरी दवाओं का मामला एक बार फिर चर्चा में है। सूचना के अधिकार (RTI) के तहत मांगी गई जानकारी में मनपा प्रशासन ने बताया है कि इस मामले की जांच रिपोर्ट और कार्रवाई से संबंधित दस्तावेज चिकित्सा स्वास्थ्य विभाग के रिकॉर्ड रूम में उपलब्ध नहीं हैं। इस जवाब के बाद स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली और मामले में जवाबदेही को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
मई 2026 में निरीक्षण के दौरान मिली थीं एक्सपायरी दवाएं
मई 2026 में मौजूदा नगरसेवकों द्वारा किए गए अचानक निरीक्षण के दौरान सर डी.एम. पेटिट अस्पताल में बड़ी मात्रा में एक्सपायरी दवाएं मिलने का मामला सामने आया था। इसके बाद सामाजिक कार्यकर्ता कुमार हरिश्चंद्र काकड़े ने 11 जून 2026 को RTI आवेदन देकर मामले की जांच और की गई कार्रवाई से संबंधित जानकारी मांगी थी।
RTI के जवाब में रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं होने की जानकारी
10 जुलाई 2026 को जन सूचना अधिकारी एवं चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. भक्ति चौधरी ने पत्र क्रमांक वविशम/वैआवि/866/2026 के माध्यम से जवाब दिया कि संबंधित रिकॉर्ड चिकित्सा स्वास्थ्य विभाग के रिकॉर्ड रूम में उपलब्ध नहीं हैं।
इस जवाब के बाद यह सवाल उठ रहा है कि अस्पताल में एक्सपायरी दवाएं मिलने के मामले में जांच की क्या स्थिति रही और संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही किस तरह तय की गई।
आयुक्त, महापौर और FDA मंत्री से शिकायत
RTI के जवाब के बाद सामाजिक कार्यकर्ता कुमार हरिश्चंद्र काकड़े ने मनपा आयुक्त, महापौर और राज्य के FDA मंत्री को शिकायत दी है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कराने, दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने और आपराधिक मामला दर्ज करने की मांग की है।
अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि मनपा प्रशासन इस मामले में आगे क्या कदम उठाता है और मरीजों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए क्या कार्रवाई की जाती है।
रिपोर्ट: तृप्ति प्रमाण


