10 महीने से लंबित थे चुनाव; प्रभाग समिति गठन को लेकर भाजपा विधायकों की आपत्ति के बाद शुरू हुआ था कानूनी विवाद, बहुजन विकास आघाड़ी को मिली राहत
वसई-विरार: वसई-विरार महानगरपालिका की नौ प्रभाग समितियों के चुनाव को लेकर पिछले करीब 10 महीनों से जारी गतिरोध अब खत्म होने की दिशा में बढ़ता नजर आ रहा है। मुंबई हाईकोर्ट ने इस मामले में महत्वपूर्ण निर्देश देते हुए कोकण विभाग के आयुक्त को एक सप्ताह के भीतर प्रभाग समिति चुनाव के संबंध में निर्णय लेने का आदेश दिया है। अदालत के इस निर्देश के बाद लंबे समय से लंबित चुनाव प्रक्रिया आगे बढ़ने की उम्मीद जगी है।
इस घटनाक्रम को बहुजन विकास आघाड़ी (बविआ) के लिए बड़ी राहत के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, अदालत ने सीधे चुनाव कराने का आदेश नहीं दिया है, बल्कि कोकण आयुक्त को निर्धारित समयसीमा में इस मामले पर निर्णय लेने का निर्देश दिया है।
प्रभाग समिति की रचना पर आपत्ति से शुरू हुआ विवाद
महानगरपालिका में सत्ता स्थापना के बाद बहुजन विकास आघाड़ी की ओर से तैयार की गई प्रभाग समिति की रचना को लेकर भाजपा विधायकों ने आपत्ति जताई थी। भाजपा विधायकों द्वारा इस रचना को चुनौती दिए जाने के बाद नौ प्रभाग समितियों के चुनाव की प्रक्रिया पिछले लगभग 10 महीनों से लंबित थी। इसके चलते महानगरपालिका की महत्वपूर्ण प्रशासनिक और राजनीतिक गतिविधियां भी प्रभावित हो रही थीं।
20 मार्च 2026 के प्रस्ताव को दी गई थी चुनौती
इस विवाद में 20 मार्च 2026 को प्रभाग समिति के गठन और चुनाव से संबंधित प्रस्ताव महत्वपूर्ण मुद्दा बना। भाजपा विधायकों ने इस प्रस्ताव को चुनौती दी थी। इसके बाद प्रभाग समिति चुनाव को लेकर कानूनी विवाद और गहरा गया। मामले का समाधान नहीं निकलने के कारण चुनाव प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ सकी।
महापौर अजीव पाटील ने खटखटाया हाईकोर्ट का दरवाजा
प्रभाग समिति चुनाव लंबे समय तक अटके रहने के बाद महापौर अजीव पाटील ने इस मामले में मुंबई हाईकोर्ट का रुख किया था। उन्होंने न्यायालय से हस्तक्षेप की मांग करते हुए चुनाव प्रक्रिया से जुड़े विवाद का समाधान निकालने की अपील की थी।
26 अक्टूबर को हाईकोर्ट का महत्वपूर्ण निर्देश
26 अक्टूबर 2026 को मामले की सुनवाई के दौरान मुंबई हाईकोर्ट ने कोकण विभाग के आयुक्त को एक सप्ताह के भीतर प्रभाग समिति चुनाव के संबंध में निर्णय लेने का निर्देश दिया। अदालत के इस आदेश के बाद अब नौ प्रभाग समितियों के चुनाव को लेकर आगे की कार्रवाई का रास्ता खुल गया है।
करीब 10 महीने से लंबित इस चुनाव प्रक्रिया पर अब सभी राजनीतिक दलों और महानगरपालिका के पदाधिकारियों की नजरें टिकी हैं। कोकण आयुक्त द्वारा निर्धारित समयसीमा में लिया जाने वाला निर्णय यह तय करेगा कि वसई-विरार महानगरपालिका की नौ प्रभाग समितियों के चुनाव की प्रक्रिया किस तरह आगे बढ़ेगी।
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