मुरादाबाद (संवाददाता: अंकित पाल – तृप्ति प्रमाण):
मुरादाबाद जनपद के थाना मझोला क्षेत्र में पुलिस ने एक जघन्य हत्याकांड का त्वरित और सफल खुलासा किया है। पुरानी रंजिश के चलते युवक की नृशंस हत्या कर साक्ष्य छिपाने के उद्देश्य से उसका चेहरा विकृत करने की साजिश रचने वाले तीन शातिर आरोपियों को पुलिस ने बेनकाब कर सलाखों के पीछे भेज दिया है। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल किया गया आलाकत्ल भी बरामद कर लिया है।
दावत के बहाने ले जाकर उतारा मौत के घाट
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, 19 जुलाई को वादी रईस अहमद (निवासी गांगन वाली मैनाठेर, थाना मझोला) ने अपने बेटे रियाजुल की हत्या की आशंका जताते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। तहरीर के आधार पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की सुसंगत धाराओं के तहत केस दर्ज कर तहकीकात शुरू की।
डिजिटल सर्विलांस और पारंपारिक मुखबिर तंत्र की मदद से पुलिस ने तफ्तीश आगे बढ़ाई, तो तीनों आरोपियों की भूमिका सामने आई। कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपियों ने अपना गुनाह कबूल कर लिया। उन्होंने बताया कि लगभग डेढ़ महीने पहले रियाजुल के साथ उनका झगड़ा हुआ था, जिसमें आरोपी तोहिद के साथ मारपीट हुई थी। उसी रंजिश का बदला लेने के लिए आरोपियों ने योजना बनाई और रियाजुल को दावत का झांसा देकर एक सुनसान जगह पर ले गए, जहाँ उसकी बेरहमी से हत्या कर दी गई।
पहचान छिपाने के लिए बिगाड़ा था चेहरा
अपराध को छिपाने और मृतक की शिनाख्त न हो सके, इसके लिए आरोपियों ने भारी ईंट से वार कर उसका चेहरा पूरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया था। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर घटना स्थल के पास से हत्या में इस्तेमाल ईंट का टुकड़ा (आलाकत्ल) बरामद किया है।
तीनों आरोपी पहुंचे सलाखों के पीछे
गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान तोहिद (पुत्र जमील), अब्दुल बहाव उर्फ राजा (पुत्र अब्दुल कादिर) और मुजाहिद उर्फ पर्ची (पुत्र सादिक हुसैन) के रूप में हुई है। ये तीनों मुरादाबाद जिले के ही निवासी हैं। पुलिस ने तीनों के खिलाफ विधिक प्रक्रिया पूरी कर न्यायालय में पेश कर दिया है। मझोला पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की इलाके में सराहना हो रही है।