मुरादाबाद (तृप्ति प्रमाण)। उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद स्थित चित्रगुप्त इंटर कॉलेज के प्रांगण में रविवार को संयुक्त पेंशनर्स कल्याण समिति के मंडलीय सम्मेलन का भव्य आयोजन किया गया। इस महत्वपूर्ण बैठक में बड़ी संख्या में पहुंचे सेवानिवृत्त कर्मचारियों ने अपने अधिकारों की रक्षा, रोजमर्रा की समस्याओं और संगठन की भविष्य की रणनीतियों पर खुलकर मंथन किया। वक्ताओं ने एक सुर में कहा कि पेंशन भोगी समाज की रीढ़ हैं और सरकार को उनकी जायज मांगों पर तुरंत ध्यान देना चाहिए।
वरिष्ठ नागरिक समाज का गौरव, समस्याओं का हो तुरंत निस्तारण: प्रदीप शर्मा
सम्मेलन के मुख्य वक्ता प्रदीप शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि पेंशनभोगी समाज का सबसे अनुभवी और सम्मानित हिस्सा हैं। जीवनभर राष्ट्र सेवा करने के बाद बुढ़ापे में उन्हें अपने अधिकारों के लिए भटकना न पड़े, यह सुनिश्चित करना शासन और प्रशासन की जिम्मेदारी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि पेंशन विसंगतियों, चिकित्सा सुविधाओं और सेवानिवृत्ति से जुड़े अन्य लाभों के मामलों को संवेदनशील तरीके से समय सीमा के भीतर हल किया जाना चाहिए। साथ ही, उन्होंने सभी पेंशनर्स से एक मंच पर आकर संगठन को और अधिक सशक्त बनाने की अपील की।
एकजुटता और सामूहिक प्रयास से ही मिलेगा अधिकार
कार्यक्रम के दौरान मंडल संयोजक सुनील कुमार शर्मा ने संगठन द्वारा अब तक किए गए कार्यों की प्रगति रिपोर्ट पेश की और आगामी कार्ययोजनाओं की रूपरेखा सामने रखी। मंडल सह संयोजक छिद्दा खान, मंडल कोषाध्यक्ष धन सिंह तथा मंडल सह संयोजक आरएस त्यागी ने भी मंच से पेंशनरों के हितों से जुड़े विभिन्न ज्वलंत मुद्दों पर अपनी बात रखी। सर्वेश कुमार शर्मा समेत अन्य प्रमुख वक्ताओं ने स्पष्ट किया कि आपसी एकजुटता ही संगठन की असली ताकत है।
पेंशनरों ने लिया सामूहिक संघर्ष का संकल्प
सम्मेलन के अंतिम सत्र में उपस्थित पेंशनरों ने अपनी व्यक्तिगत और सामूहिक समस्याओं को मंच के साथ साझा किया। साथ ही, इन समस्याओं के त्वरित और प्रभावी समाधान के लिए समिति के बैनर तले एकजुट होकर सामूहिक प्रयास करने का दृढ़ संकल्प लिया। इस कार्यक्रम में मुरादाबाद मंडल के विभिन्न क्षेत्रों से आए भारी संख्या में पेंशनर्स, वरिष्ठ नागरिक और समिति के पदाधिकारी मौजूद रहे।
संवाददाता: अंकित पाल (तृप्ति प्रमाण)